:- एएमएएसआईकॉन-2026 में पित्त की थैली के दूरबीन वाले ऑपरेशन पर शोध के लिए मिला प्रथम पुरस्कार और बर्सरी
:- मूल रूप से टिहरी गढ़वाल जिले के नकोट गांव के हैं निवासी
देहरादून/कोलकाता। उत्तराखंड के युवा चिकित्सक डॉ. राहुल बधानी ने चिकित्सा विज्ञान के क्षेत्र में प्रदेश का नाम रोशन किया है। कोलकाता में आयोजित एसोसिएशन ऑफ मिनिमल एक्सेस सर्जन्स ऑफ इंडिया (AMASI) के 21वें अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन AMASICON-2026 में डॉ. राहुल बधानी को प्रतिष्ठित ‘एएमएएसआई यंग स्कॉलर अवार्ड एवं बर्सरी’ के प्रथम पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
डॉ. राहुल बधानी ने देश-विदेश से आए युवा सर्जनों और शोधकर्ताओं के बीच यह उपलब्धि हासिल की। सम्मेलन के मुख्य अवार्ड सत्र में उन्होंने अपना शोधपत्र प्रस्तुत किया, जिसे निर्णायक मंडल द्वारा सर्वश्रेष्ठ चुना गया।
पित्त की थैली के ऑपरेशन पर किया शोध :-
डॉ. राहुल बधानी ने पित्त की थैली के दूरबीन वाले ऑपरेशन (लैप्रोस्कोपिक कोलेसिस्टेक्टॉमी) को अधिक सुरक्षित और सटीक बनाने के लिए एक विशेष तकनीक पर शोध किया है। उनके शोध में Fluorescent Cholangiography के दौरान Preoperative IGC प्रशासन के सटीक समय के निर्धारण पर अध्ययन किया गया।
इस तकनीक के जरिए पित्त की थैली के ऑपरेशन के दौरान होने वाले जोखिम को कम करने में मदद मिल सकती है। चिकित्सा क्षेत्र में उनके इस शोध को महत्वपूर्ण और उपयोगी माना जा रहा है।
मूल रूप से हैं टिहरी गढ़वाल के रहने वाले हैं डॉ राहुल :-
डॉ राहुल बधानी उत्तराखंड में मूल रूप टिहरी गढ़वाल जिले थौलधार ब्लॉक स्थित नकोट गांव के निवासी हैं। उनकी प्रारंभिक शिक्षा टिहरी गढ़वाल के विकासखंड थौलधार के अन्तर्गत सरस्वती शिशु मंदिर मैन्डखाल में हुई। तत्पश्चात केन्द्रीय विद्यालय श्रीनगर गढ़वाल से उन्होंने 12वीं पास किया। जबकि एमबीबीएस नेशनल मेडिकल कॉलेज कोलकाता से किया।
उनके पिता भगवती प्रसाद बधानी उत्तराखंड स्वास्थ्य विभाग में फार्मेसी अधिकारी पद से सेवानिवृत्त हैं। उनकी मां गृहणी हैं। जबकि उनकी बहन प्रतिष्ठा बधानी भी डॉक्टर हैं।
परिवार में खुशी का माहौल
डॉ. राहुल बधानी की इस उपलब्धि पर उनके पिता भगवती प्रसाद (बी.पी.) बधानी और पूरे परिवार ने खुशी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि राहुल के समर्पण और कड़ी मेहनत ने न केवल परिवार का गौरव बढ़ाया है, बल्कि उत्तराखंड को भी गौरवान्वित किया है।
डॉ. राहुल बधानी की उपलब्धि पर क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों, चिकित्सा विशेषज्ञों और शुभचिंतकों ने उन्हें बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल और मंगलमय चिकित्सा करियर की कामना की।