: स्थलीय निरीक्षण के दौरान यूजेवीएनएल और एलएंडटी को दिए सख्त निर्देश, मैनपावर व मशीनरी बढ़ाने पर जोर; गुणवत्ता और समयबद्धता को बताया सर्वोच्च प्राथमिकता
देहरादून, 16 जुलाई। उत्तराखंड के मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने गुरुवार को लखवाड़ बहुउद्देशीय परियोजना के निर्माण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण कर प्रगति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने परियोजना के विभिन्न निर्माण स्थलों का दौरा कर कार्यों की विस्तार से समीक्षा की और अधिकारियों को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निर्माण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
मुख्य सचिव ने कहा कि लखवाड़ बहुउद्देशीय परियोजना राष्ट्रीय महत्व की योजना है, जिससे उत्तराखंड सहित कई राज्यों को दीर्घकालिक लाभ मिलेगा। उन्होंने उत्तराखंड जल विद्युत निगम (यूजेवीएनएल) के प्रबंध निदेशक को परियोजना का निर्माण कार्य वर्ष 2031 तक पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित करते हुए कहा कि सभी संबंधित संस्थाएं अगले दो से तीन दिनों के भीतर विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर प्रस्तुत करें। इसके लिए आवश्यक मशीनरी और मैनपावर बढ़ाने के भी निर्देश दिए गए। उल्लेखनीय है कि इससे पहले जल विद्युत निगम ने परियोजना पूर्ण होने का लक्ष्य दिसंबर 2034 निर्धारित किया था।
मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि परियोजना के प्रत्येक चरण की निगरानी के लिए पर्ट चार्ट (PERT Chart) तैयार कर उसका शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्माण कार्यों में गुणवत्ता और समयबद्धता से किसी प्रकार का समझौता नहीं होना चाहिए तथा विशेषज्ञों द्वारा सभी आवश्यक तकनीकी परीक्षण अनिवार्य रूप से कराए जाएं।
उन्होंने कार्यदायी संस्था एलएंडटी तथा उत्तराखंड जल विद्युत निगम के अधिकारियों को परियोजना स्थल पर नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करते हुए दैनिक, पाक्षिक और मासिक समीक्षा करने के निर्देश दिए। साथ ही केंद्रीय जल आयोग द्वारा अपेक्षित सभी तकनीकी परीक्षण शीघ्र पूर्ण कर उपलब्ध कराने को भी कहा।
मुख्य सचिव ने अधिग्रहीत भूमि के मुआवजा वितरण की प्रक्रिया में तेजी लाने तथा परियोजना प्रभावित लोगों के साथ सतत संवाद बनाए रखते हुए लंबित मामलों का समयबद्ध समाधान करने के निर्देश भी दिए।
निरीक्षण के दौरान प्रमुख सचिव आर. मीनाक्षी सुन्दरम, यूजेवीएनएल के प्रबंध निदेशक ए.के. सिंह, निदेशक (परियोजनाएं) सुरेश चन्द्र बलूनी, अधिशासी निदेशक राजीव अग्रवाल, महाप्रबंधक सुजीत कुमार सिंह, एलएंडटी के महाप्रबंधक प्रभु कुमार, प्रोजेक्ट मैनेजर विष्णु मोहन श्रीवास्तव सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।