श्रीमद्भागवत कथा के छठे दिवस पर श्रद्धा से सम्पन्न हुआ श्रीकृष्ण–रुक्मिणी विवाह उत्सव

:- सिद्धेश्वर महादेव मंदिर में भजन-कीर्तन, जयघोष और प्रसाद वितरण के बीच उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब; आचार्य जय प्रकाश गोदियाल ने सनातन मूल्यों को जीवन में अपनाने का दिया संदेश

देहरादून। बंजारावाला स्थित सिद्धेश्वर महादेव मंदिर में आयोजित श्रीमद्भागवत महापुराण कथा के छठे दिवस पर भगवान श्रीकृष्ण एवं माता रुक्मिणी के दिव्य विवाह उत्सव का आयोजन श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ सम्पन्न हुआ। इस अवसर पर मंदिर परिसर भजन-कीर्तन, हरिनाम संकीर्तन और “जय श्रीकृष्ण” के जयघोष से गुंजायमान रहा। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने विवाह उत्सव में भाग लेकर धर्मलाभ प्राप्त किया।

कथा व्यास पूज्य आचार्य जय प्रकाश गोदियाल ने भगवान श्रीकृष्ण के दिव्य जीवन एवं अवतार की महिमा का वर्णन करते हुए कहा कि श्रीकृष्ण का संपूर्ण जीवन धर्म, सत्य, प्रेम, सेवा और सदाचार का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में सनातन संस्कृति और आध्यात्मिक मूल्यों को आत्मसात कर समाज में सद्भाव, करुणा और नैतिकता को मजबूत किया जा सकता है।

उन्होंने श्रद्धालुओं से हरि नाम संकीर्तन, सत्संग और धर्म के मार्ग पर चलने का आह्वान करते हुए कहा कि भगवान का स्मरण ही जीवन को सार्थक बनाता है।

इस अवसर पर आलोक कुकरेती, पंडित कुलदीप खांकरियाल, सुनीता बलूनी, पंडित शिवा भट्ट, पंडित थपलियाल, प्रेम थापा, सोहन लाल ध्यानी, पंडित अशोक भारती, मंदिर समिति के सदस्य तथा बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। कार्यक्रम के समापन पर सभी श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *