:- 10 संदिग्ध वेबसाइट्स निष्क्रिय, 52 मोबाइल नंबर ब्लॉक कराने की कार्रवाई :- श्रद्धालुओं से केवल आधिकारिक पोर्टल से बुकिंग की अपील
:- मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड के निर्देशन में चारधाम यात्रा को यात्रियों के लिए बनाया जा रहा सुरक्षित देहरादून, 11 अप्रैल। चारधाम यात्रा को सुरक्षित और सुगम बनाने के लिए उत्तराखण्ड एसटीएफ ने हेलीकॉप्टर बुकिंग के नाम पर चल रहे साइबर फ्रॉड नेटवर्क पर बड़ा प्रहार किया है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत एसटीएफ ने अब तक 180 फर्जी सोशल मीडिया लिंक, 10 संदिग्ध वेबसाइट्स और 52 मोबाइल नंबरों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की है।
एसटीएफ के अनुसार, साइबर अपराधी विशेष रूप से केदारनाथ हेली सेवा बुकिंग के नाम पर फर्जी वेबसाइट, फेसबुक पेज, इंस्टाग्राम अकाउंट और व्हाट्सएप लिंक बनाकर श्रद्धालुओं को ठगी का शिकार बना रहे थे। इन गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ अजय सिंह के नेतृत्व में “सोशल मीडिया मॉनिटरिंग एवं एक्शन टीम” गठित की गई है।
सोशल मीडिया पर सख्त निगरानी
एसटीएफ की टीम ने लगातार डिजिटल प्लेटफॉर्म्स की मॉनिटरिंग करते हुए अब तक 180 फर्जी फेसबुक पेज, इंस्टाग्राम अकाउंट और अन्य सोशल मीडिया लिंक को टेकडाउन कराया है। इसके अलावा 52 संदिग्ध मोबाइल नंबरों को बंद कराने के लिए दूरसंचार विभाग (DoT) को अनुरोध भेजा गया है।
10 फर्जी वेबसाइट्स भी कराई गईं बंद
हेलीकॉप्टर टिकट बुकिंग के नाम पर चल रही 10 संदिग्ध वेबसाइट्स को चिन्हित कर संबंधित डोमेन रजिस्ट्रार को रिपोर्ट भेजी गई, जिसके बाद इन्हें निष्क्रिय कराया गया। एसटीएफ ने साफ किया है कि ऐसी वेबसाइट्स के जरिए यात्रियों से ऑनलाइन ठगी की जा रही थी।
केवल आधिकारिक वेबसाइट से करें बुकिंग
एसएसपी एसटीएफ अजय सिंह ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि चारधाम यात्रा की हेली सेवा बुकिंग केवल आधिकारिक वेबसाइट से ही करें:
www.heliyatra.irctc.co.in
इसके अलावा व्हाट्सएप रजिस्ट्रेशन के लिए श्रद्धालु +91-8394833833 नंबर सेव कर “Yatra” मैसेज भेज सकते हैं और आधिकारिक चैटबॉट के निर्देशों का पालन कर पंजीकरण पूरा कर सकते हैं।
साइबर ठगी से बचने की अपील
एसटीएफ ने आमजन से अपील की है कि किसी भी अनजान लिंक, सोशल मीडिया विज्ञापन, व्हाट्सएप मैसेज या फर्जी वेबसाइट के माध्यम से टिकट बुकिंग न करें। किसी भी साइबर ठगी की स्थिति में तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर संपर्क करें।
एसटीएफ ने कहा कि साइबर अपराध के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति के तहत डिजिटल प्लेटफॉर्म्स की लगातार निगरानी जारी रहेगी।