मालदीव में 23 मार्च से 3 अप्रैल तक हो रही प्रतियोगिता में उत्तराखंड के रेफरी को बड़ी जिम्मेदारी, कोच डॉ. विरेन्द्र सिंह रावत ने जताया गर्व
मोनाल एक्सप्रेस, देहरादून। उत्तराखंड के फुटबॉल रेफरियों के लिए गर्व की खबर सामने आई है। नेशनल रेफरी चर्चिल राणा का चयन South Asian Football Federation (SAFF) अंडर-20 चैंपियनशिप 2026 के लिए भारत से एकमात्र रेफरी के रूप में हुआ है। यह प्रतियोगिता मालदीव में 23 मार्च से 3 अप्रैल तक आयोजित हो रही है।
फोन पर बातचीत के दौरान चर्चिल राणा ने अपने संस्थापक कोच Dr. Virendra Singh Rawat को इस उपलब्धि की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह मुकाम उनके कोच के मार्गदर्शन, रेफरी कोचिंग और वर्षों की मेहनत का परिणाम है।
कोच डॉ. रावत ने अपने शिष्य को बधाई देते हुए कहा कि चर्चिल जल्द ही FIFA रेफरी बनकर देश, राज्य और अपने कोच का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोशन करेंगे। उन्होंने कहा, “इतिहास लिखा नहीं जाता, बनाया जाता है।”
डॉ. रावत ने जानकारी दी कि चर्चिल राणा उत्तराखंड के पहले नेशनल रेफरी हैं। वर्तमान में वे Indian Super League (ISL) 2026 में असिस्टेंट रेफरी के रूप में भी सेवाएं दे रहे हैं और इस लीग के लिए चयनित होने वाले राज्य के पहले रेफरी हैं।
चर्चिल राणा ने 2011 से 2015 तक डॉ. रावत के मार्गदर्शन में रेफरी की कोचिंग ली और 2019 में आर्मी में रहते हुए नेशनल रेफरी बने। उसी वर्ष उन्हें “उत्तराखंड फुटबॉल रत्न अवार्ड” से भी सम्मानित किया गया था।
डॉ. रावत ने यह भी बताया कि उनके अन्य शिष्य भास्कर तमंग और राकेश जोशी भी नेशनल रेफरी बन चुके हैं, जिन्होंने उत्तराखंड में आयोजित 38वें नेशनल गेम्स में बेहतरीन प्रदर्शन किया।
गौरतलब है कि चर्चिल राणा ने मालदीव और श्रीलंका के बीच खेले गए उद्घाटन मैच में भी रेफरी की भूमिका निभाई।